
विशालगढ़ में वर्षावरण पर्व हमारे प्रदेश में अनेकता में छिपा, सभी जातियों के लोगों की एकता : मुख्यमंत्री
ऑनलाइन डेस्क, 16 अप्रैल, 2023। हमारे राज्य में अनेकता में ही लोगों की एकता छिपी हुई है। इस समय राज्य की विभिन्न जातियों और जनजातियों के लोग अपने-अपने रीति-रिवाजों के अनुसार नववर्ष मनाते हैं।
ये सभी त्यौहार लोगों को एक साथ लाते हैं। यह मैच हमारे राज्य की परंपरा है। यह बात मुख्यमंत्री प्रोफेसर (डॉ.) माणिक साहा ने आज शाम विशालगढ़ टाउन हॉल में वर्षावरण महोत्सव का उद्घाटन करते हुए कही।
मुख्यमंत्री ने इस आयोजन में यह भी कहा कि प्रदेश की शांतिप्रिय जाति के लोग राजन्य काल से इस परंपरा और परंपरा को निभाते आ रहे हैं. राज्य की इस एकता को हर कीमत पर बनाए रखना चाहिए।
महोत्सव का उद्घाटन करते हुए मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि साजिश रचकर देश की जनता की एकता को बांटने का प्रयास किया जा रहा है. प्रदेश की जनता को मिलकर इसका विरोध करना चाहिए।
राज्य सरकार किसी भी कीमत पर प्रदेश में अमन-चैन कायम रखने के लिए कृतसंकल्प है। सरकार प्रदेश में अमन-चैन के साथ-साथ नशामुक्ति के लिए भी प्रयास कर रही है।
प्रख्यात परोपकारी राजीव भट्टाचार्य ने अन्य लोगों के साथ नए साल के उत्सव में बात की। स्वागत भाषण विधायक सुशांत देव ने दिया। सम्मानित अतिथि के रूप में सिपाहीजला जिला परिषद अध्यक्ष सुप्रिया दास दत्ता, विशालगढ़ पुरपरिषद अध्यक्ष अंजन पुरकायस्थ, सिपाहीजला जिलाधिकारी विशाल कुमार सहित अन्य उपस्थित थे।
अध्यक्षता वर्षवारन उत्सव समिति के अध्यक्ष जितेंद्र चंद्र साहा ने की। वर्षावरण पर्व के अवसर पर सूचना एवं संस्कृति विभाग सहित प्रदेश के विभिन्न हिस्सों से आए कलाकारों ने विभिन्न गीत व नृत्य प्रस्तुत किए।
गौरतलब है कि विशालगढ़ वर्षा उत्सव समिति सूचना एवं संस्कृति विभाग और विशालगढ़ नगर परिषद के सहयोग से इस वर्षवर्ण उत्सव का आयोजन करती है।







