
शिक्षा के बिना कोई भी राष्ट्र प्रगति नहीं कर सकता: वित्त मंत्री
ऑनलाइन डेस्क, 01 जुलाई, 2025: राज्य सरकार केंद्र और राज्य सरकारों की विभिन्न योजनाओं का लाभ लोगों, खासकर आदिवासी लोगों तक पहुंचाने के लिए काम कर रही है। राज्य के आदिवासी लोग, जो अभी भी विभिन्न पहलुओं में पिछड़े हैं, उन्हें देश के अन्य हिस्सों के लोगों के समान स्तर पर लाने की जरूरत है। राज्य सरकार ने धरती आबा जनजाति ग्राम उत्कर्ष अभियान के माध्यम से आदिवासी लोगों के विकास के लिए विशेष पहल की है।
वित्त मंत्री प्रणजीत सिंघराय ने कल अमरपुर ब्लॉक के पूर्वी डोलुमा गांव क्षेत्र के दलारा पारा में जेबी स्कूल में प्रशासनिक शिविर में यह बात कही। धरती आबा जनजाति ग्राम उत्कर्ष अभियान के तहत कल इस प्रशासनिक शिविर का आयोजन किया गया था। प्रशासनिक शिविर में वित्त मंत्री प्रणजीत सिंघराय ने कहा, हमारे राज्य के 392 आदिवासी गांवों में धरती आबा जनजाति ग्राम उत्कर्ष अभियान चलाया जा रहा है। प्रशासनिक शिविर में आदिवासी वर्ग के लोग राशन कार्ड, आधार कार्ड, एसटी प्रमाण पत्र, पीआरटीसी, मतदाता पहचान पत्र आदि के लिए आवेदन कर सकते हैं। साथ ही उन्होंने कहा कि शिक्षा के बिना कोई भी राष्ट्र प्रगति नहीं कर सकता। पहले राज्य में तीन एकलव्य विद्यालय थे। वर्तमान में 21 एकलव्य विद्यालय खोले गए हैं।
करबू में डिग्री कॉलेज खोलने की मंजूरी दी गई है। राज्य में महिलाओं के आत्म-सशक्तिकरण का काम चल रहा है। राज्य में महिलाएं वर्तमान में 52,000 से अधिक स्वयं सहायता समूहों से जुड़ चुकी हैं। कई लखपति दीदी बन गई हैं। उन्होंने कहा कि अमरपुर में दो झीलों के सौंदर्यीकरण की पहल की गई है। वित्त मंत्री ने आदिवासी वर्ग के लोगों से राज्य सरकार के विकासात्मक कार्यों में सहयोग के लिए आगे आने का आह्वान किया। शिविर में गोमती जिला परिषद अध्यक्ष देवल देवराय और विधायक रंजीत दास ने लोगों से विभिन्न सरकारी सुविधाओं का लाभ उठाने का आग्रह किया।







