
टीएसएफ नेतृत्व ने हड़ताल वापस लेने की घोषणा की
ऑनलाइन डेस्क, 23 मार्च 2025: टीएसएफ नेतृत्व ने रविवार शाम मुख्यमंत्री डॉ. माणिक साहा के साथ मुख्यमंत्री के सरकारी आवास पर बैठक करने के बाद आंदोलन स्थगित करने का फैसला किया। पिछले दो दिनों से छात्रों, मरीजों, मजदूरों, महिलाओं और कर्मचारियों से लेकर राज्य के सभी वर्गों के लोगों को परेशान करने के बाद आखिरकार उन्होंने आज बंद वापस लेने की घोषणा की।
उन्होंने बताया कि शनिवार को टीएसएफ नेतृत्व ने अगरतला प्रेस क्लब में एक संवाददाता सम्मेलन आयोजित कर राज्यव्यापी हड़ताल को अस्थायी रूप से वापस लेने की घोषणा की तथा सोमवार से एक नई रैली का आह्वान किया। अंततः रविवार शाम को मुख्यमंत्री डॉ. माणिक साहा के आह्वान पर टीएसएफ नेतृत्व मुख्यमंत्री के सरकारी आवास पर गया और मुख्यमंत्री से मुलाकात की।
मुख्यमंत्री ने उनकी मांगों पर सहमति जताते हुए आश्वासन दिया कि शीघ्र ही एक समिति गठित की जाएगी। ताकि उनकी मांगें पूरी हो सकें। मुख्यमंत्री से यह आश्वासन मिलने के बाद टीएसएफ के महासचिव हमलू जमातिया मुख्यमंत्री आवास से बाहर आए और मीडिया से मुखातिब हुए तथा कहा कि उन्हें मुख्यमंत्री से आश्वासन मिला है। इसलिए उन्होंने फिलहाल अपनी हड़ताल वापस ले ली है।
उन्होंने कहा कि सोमवार को राज्यव्यापी हड़ताल नहीं होगी। उन्होंने अलग-अलग समय पर विभिन्न मांगें उठाकर राष्ट्रीय सड़कों को अवरुद्ध करने से लेकर लोगों के लिए समस्याएं पैदा की हैं। बाद में सरकार के साथ बातचीत के माध्यम से आंदोलन वापस ले लिया गया। यह बात सोशल मीडिया पर पहले ही वायरल हो चुकी है, हो सकता है कि सरकार उन्हें बातचीत के लिए बुलाए। टीएसएफ और संगठन का नेतृत्व इसी उम्मीद में बैठा हुआ है। और यही वास्तविकता है।
हालांकि, राज्य में आम लोगों को पिछले दो दिनों में भारी आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ा है। इस अवसर पर पूर्व टीएसएफ नेता राजेश्वर देबबर्मा, टीएसएफ अगरतला टाउन कमेटी के अध्यक्ष जॉन देबबर्मा, विकास देबबर्मा और अन्य उपस्थित थे।








