
विधानसभा में 4 बिल पास हुए
ऑनलाइन डेस्क, 31 अगस्त, 2026: आज विधानसभा सेशन के दूसरे हाफ में 4 बिल पास हुए। ‘द बोर्ड ऑफ ओपन स्कूलिंग एंड एग्जामिनेशन, त्रिपुरा बिल, 2026 (द त्रिपुरा बिल नंबर 14 ऑफ 2026)’ को मुख्यमंत्री प्रो. (डॉ.) माणिक साहा ने मंजूरी के लिए पेश किया। बिल पेश करते हुए उन्होंने कहा कि यह बिल उन लोगों को शिक्षा देने के लिए लाया गया है जिन्होंने फॉर्मल एजुकेशन सिस्टम छोड़ दिया है। नेशनल एजुकेशन पॉलिसी में भी ऐसे स्कूलों का जिक्र है। इस बिल के लागू होने के बाद फॉर्मल एजुकेशन सिस्टम छोड़ने वालों के सामने नए मौके आएंगे। शिक्षा के दरवाजे फिर से खुलेंगे। उन्होंने कहा कि स्टूडेंट्स को कोई दिक्कत न हो, इसके लिए जरूरी सुरक्षा उपाय भी हैं। यह बिल एक विकसित भारत और एक विकसित त्रिपुरा बनाने में मददगार होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि 2047 तक एक विकसित भारत और एक विकसित त्रिपुरा बनाने के मकसद से ऐसी पहल की गई है ताकि शिक्षा के क्षेत्र में कोई भी छूट न जाए। विपक्ष के नेता जितेंद्र चौधरी, MLA गोपाल चंद्र रॉय, MLA शैलेंद्र चंद्र नाथ ने बिल पर विपक्ष में चर्चा की। बिल को विधानसभा में वॉयस वोट से पास कर दिया गया।
‘श्री श्री यूनिवर्सिटी, त्रिपुरा बिल, 2026 (त्रिपुरा बिल नंबर 15 of 2026)’ यह बिल भी आज विधानसभा में पास हो गया। इस बिल को आज समाज कल्याण और सामाजिक शिक्षा मंत्री टिंकू रॉय ने विधानसभा में मंजूरी के लिए रखा। विपक्ष के नेता जितेंद्र चौधरी, MLA गोपाल चंद्र रॉय, MLA अशोक चंद्र मित्रा, MLA दीपांकर सेन ने इस बिल पर चर्चा में हिस्सा लिया। चर्चा के बाद बिल पास हो गया। त्रिपुरा ईज़ ऑफ़ डूइंग बिज़नेस बिल, 2026 (त्रिपुरा बिल नंबर 10 of 2026) को इंडस्ट्री और कॉमर्स मंत्री सांत्वना चकमा ने मंजूरी के लिए पेश किया। बिल को विधानसभा में बिना किसी विरोध के पास कर दिया गया। त्रिपुरा स्टेट गुड्स एंड सर्विसेज़ टैक्स (दसवां संशोधन) बिल, 2026 (त्रिपुरा बिल नंबर 12 ऑफ़ 2026) को फाइनेंस मिनिस्टर प्रणजीत सिंह रॉय ने मंज़ूरी के लिए पेश किया। बिल असेंबली में बिना किसी विरोध के पास हो गया। MLA गोपाल चंद्र रॉय ने बिल पर चर्चा की।








