♦इस खबर को आगे शेयर जरूर करें ♦

क्लाइमेट फाइनेंस और कार्बन सीक्वेस्ट्रेशन की कोशिशों पर मीटिंग हुई

ऑनलाइन डेस्क, 11 अगस्त, 2026: क्लाइमेट चेंज के असर, क्लाइमेट फाइनेंस और कार्बन सीक्वेस्ट्रेशन की संभावना पर आज गीतांजलि टूरिस्ट गेस्ट हाउस में पहली स्टेट-लेवल स्टेकहोल्डर मीटिंग हुई। यह मीटिंग राज्य सरकार के गुड गवर्नेंस डिपार्टमेंट के त्रिपुरा इंस्टीट्यूशन फॉर ट्रांसफॉर्मेशन ने और बायोटेक्नोलॉजी डिपार्टमेंट, IGDC प्रोजेक्ट, JICA प्रोजेक्ट और अर्पण सोसाइटी के साथ मिलकर ऑर्गनाइज़ की थी। मीटिंग की अध्यक्षता राज्य गुड गवर्नेंस डिपार्टमेंट की सेक्रेटरी किरण गिट्टे ने की। मीटिंग में मुख्यमंत्री के O.S.D. परमानंद सरकार बनर्जी भी शामिल हुए। उन्होंने क्लाइमेट चेंज से निपटने के लिए राज्य की पूरी कोशिशों, त्रिपुरा के नेचुरल रिसोर्स और कार्बन मार्केटिंग की संभावना पर डिटेल में चर्चा की।

इस डिस्कशन मीटिंग में, राज्य सरकार के अलग-अलग डिपार्टमेंट, एजुकेशनल इंस्टीट्यूशन और सोशल ऑर्गनाइज़ेशन समेत 20 ऑर्गनाइज़ेशन के एक्सपर्ट्स ने क्लाइमेट फाइनेंस, कार्बन मार्केटिंग, एनवायर्नमेंटल सस्टेनेबिलिटी, अडैप्टेशन फाइनेंस और कार्बन ट्रेडिंग पर अपने विचार और अनुभव शेयर किए। इसके साथ ही, त्रिपुरा में क्लाइमेट चेंज के असर, उससे निपटने और पर्यावरण बचाने के लिए भविष्य के एक्शन प्लान पर भी चर्चा हुई। मीटिंग में, पर्यावरण एक्टिविस्ट और पत्रकार डॉ. विश्वेंदु भट्टाचार्य ने राज्य के क्लाइमेट के संदर्भ पर रोशनी डाली और कार्बन मार्केटिंग और क्लाइमेट चेंज से निपटने के लिए अपनाए गए इंटरनेशनल फाइनेंशियल सपोर्ट फंड का फायदा उठाने की अहमियत पर ज़ोर दिया। नॉर्थईस्ट इंडिया के लिए NABARD के क्लाइमेट फाइनेंस प्रोजेक्ट के इंचार्ज डॉ. जयंत बसु ने मीटिंग में कार्बन मार्केटिंग और पर्यावरण सस्टेनेबिलिटी पर मुख्य भाषण दिया।

‘क्लाइमेट एक्शन नेटवर्क साउथ एशिया’ के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर डॉ. संजय वशिष्ठ ने अडैप्टेशन फाइनेंस और कार्बन ट्रेडिंग पर बात की। वर्ल्ड बैंक ग्रुप के इंटरनेशनल फाइनेंस कॉर्पोरेशन के एशिया पैसिफिक लीड ऑफिसर अजय बनर्जी ने मीटिंग में इंटरनेशनल मुद्दों पर वर्चुअली बात की। इसके अलावा, NABARD, त्रिपुरा की GM तनुश्री भट्टाचार्य, IGDC के CEO एस प्रभु, JICA की CEO ओ. भानुमति, बायोटेक्नोलॉजी डिपार्टमेंट के जॉइंट डायरेक्टर अंजन सेनगुप्ता और दूसरों ने डिटेल में चर्चा की। मीटिंग में राज्य के अलग-अलग डिपार्टमेंट और ऑर्गनाइज़ेशन की राय को ध्यान में रखते हुए क्लाइमेट फाइनेंस, कार्बन कंज़र्वेशन और एनवायरनमेंट-फ्रेंडली डेवलपमेंट में त्रिपुरा के पोटेंशियल का इस्तेमाल करने के नए मौकों पर एक एक्शन प्लान तैयार किया जाएगा। मीटिंग में बताया गया कि इसे आने वाले दिनों में NITI आयोग के ज़रिए लागू किया जाएगा।

व्हाट्सप्प आइकान को दबा कर इस खबर को शेयर जरूर करें


स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे
Donate Now
               
हमारे  नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट , और सभी खबरें डाउनलोड करें
डाउनलोड करें

जवाब जरूर दे 

आप अपने सहर के वर्तमान बिधायक के कार्यों से कितना संतुष्ट है ?

View Results

Loading ... Loading ...


Related Articles

Close
Close
Website Design By Bootalpha.com +91 84482 65129