
मुख्यमंत्री ने पांचवें राज्य-आधारित कुरास (कुश्ती) और दक्षिण जिले-आधारित नशा-मुक्त फुटबॉल प्रतियोगिता का औपचारिक उद्घाटन किया, राज्य में नशे के खिलाफ एक सामाजिक जन आंदोलन बनाया जाना चाहिए
ऑनलाइन डेस्क, 31 जुलाई, 2026: लोगों के शरीर और दिमाग को स्वस्थ रखने में खेल अहम भूमिका निभाते हैं। इसलिए, सभी को शारीरिक व्यायाम और खेलों पर ध्यान देना चाहिए। इससे न केवल व्यक्ति को बल्कि पूरे समाज को भी फायदा होगा। आज मुख्यमंत्री प्रो. (डॉ.) माणिक साहा ने बिलोनिया उपजिले के ऋष्यमुख 12वीं क्लास स्कूल के हॉल में पांचवें राज्य-आधारित कुरास (कुश्ती) प्रतियोगिता के उद्घाटन और शाम को दक्षिण मोटाई मैदान में दक्षिण त्रिपुरा जिले-आधारित नशा-मुक्त प्रीमियर लीग फुटबॉल प्रतियोगिता और मड फुटबॉल प्रतियोगिता के उद्घाटन और समापन की घोषणा की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं को नशे की गिरफ्त से दूर रखने में खेल बहुत मददगार भूमिका निभाते हैं। नशे के खिलाफ लड़ाई में खेल एक बड़ा हथियार हैं। नशा-मुक्त त्रिपुरा बनाने में खेलों की खास भूमिका है। मुख्यमंत्री ने राज्य में नशे की लत के खिलाफ एक बड़े सामाजिक आंदोलन की अपील की और कहा कि मौजूदा राज्य सरकार ने नशे की लत के खिलाफ ज़ीरो टॉलरेंस पॉलिसी अपनाई है।
उन्होंने कहा कि त्रिपुरा के गांवों में कई टैलेंटेड खिलाड़ी बिखरे हुए हैं। राज्य सरकार ने उन्हें सामने लाने के लिए पहल की है। उन्होंने कहा कि स्पोर्ट्स इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास के लिए कई कदम उठाए गए हैं, जिसमें सिंथेटिक फुटबॉल फील्ड, सिंथेटिक एथलेटिक ट्रैक बनाना शामिल है। अलग-अलग जगहों पर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स बनाए जा रहे हैं। उन्होंने छात्रों से कम उम्र से ही खेलों पर ध्यान देने की अपील की। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत ने 2018 में जकार्ता में हुए एशियन गेम्स में कुरास कैटेगरी में एक सिल्वर और एक ब्रॉन्ज़ मेडल जीता था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दोनों एथलीटों को उनकी सफलता के लिए बधाई दी। उन्होंने उम्मीद जताई कि त्रिपुरा भी कुरास इवेंट में अपनी छाप छोड़ पाएगा।
इस मौके पर युवा मामले और खेल विभाग के डायरेक्टर एल. डार्लोंग, इंडियन रेड क्रॉस सोसाइटी की त्रिपुरा ब्रांच के जनरल सेक्रेटरी चंदन देबनाथ, जाने-माने सामाजिक कार्यकर्ता अरिंदम देब, त्रिपुरा स्पोर्ट्स काउंसिल के सदस्य दीपायन चौधरी समेत कई लोग मौजूद थे।








