
समृद्ध लोकतंत्र के लिए मजबूत कानूनी व्यवस्था जरूरी: मुख्यमंत्री
ऑनलाइन डेस्क, 6 फरवरी, 2025: एक समृद्ध लोकतंत्र के लिए एक मजबूत कानूनी प्रणाली आवश्यक है। राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय राज्य के कानूनी ढांचे को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। मुख्यमंत्री प्रोफेसर (डॉ.) माणिक साहा ने आज नरसिंहगढ़ में राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय, त्रिपुरा परिसर के भूमिपूजन समारोह में यह बात कही।
उल्लेखनीय है कि 12 अक्टूबर, 2022 को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय के त्रिपुरा परिसर की आधारशिला रखी थी। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर यह भी कहा कि विधिक शिक्षा केवल कानून सीखने के लिए नहीं है। कानूनी शिक्षा समाज में न्याय, नैतिकता और कानून का शासन स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। इस अवसर पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय का त्रिपुरा परिसर विधि और शासन के क्षेत्र में समकालीन चुनौतियों का समाधान करते हुए विधिक अनुसंधान और विकास के केंद्र के रूप में कार्य करेगा। यह कार्य पहले ही शुरू हो चुका है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय राज्य में विधि शिक्षा के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक मील का पत्थर है। राज्य में राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय की स्थापना विधिक शिक्षा, अनुसंधान और नीति निर्माण में राज्य सरकार की मजबूत प्रतिबद्धता को दर्शाती है। राज्य सरकार राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय, त्रिपुरा के विकास के लिए सभी आवश्यक सहायता प्रदान करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। इस संबंध में, राज्य सरकार राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय, त्रिपुरा को अपने लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए वित्तीय, प्रशासनिक और नीतिगत सहायता प्रदान करना जारी रखेगी।
इस अवसर पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय के त्रिपुरा परिसर का शिलान्यास समारोह किसी भवन के निर्माण की शुरुआत नहीं होगा, बल्कि ज्ञान, न्याय और समाज की सेवा से समृद्ध भविष्य की नींव रखेगा। कार्यक्रम में त्रिपुरा उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति अपरेश कुमार सिंह ने कहा कि राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय राज्य के लिए गौरव की बात है। यह संस्थान राज्य में कानूनी शिक्षा को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। इस कार्यक्रम में राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय, त्रिपुरा के कुलपति योगेश प्रताप सिंह ने भी अपने विचार रखे।








