
राज्य विधानसभा में वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए वित्त मंत्री 32,423.44 करोड़ रुपये का बजट प्रस्ताव पेश
ऑनलाइन डेस्क, 21 मार्च 2025: वित्त मंत्री प्रणजीत सिंह रॉय ने आज राज्य विधानसभा में वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए 32,423.44 करोड़ रुपये के व्यय आवंटन का प्रस्ताव पेश किया। यह राशि वित्त वर्ष 2024-25 की तुलना में 16.61 प्रतिशत अधिक है। बजट प्रस्ताव में 31,993.88 करोड़ टका की आय दर्शाई गई है। इसमें 429.56 करोड़ टका का घाटा है। बजट में किसी नये कर का प्रस्ताव नहीं है। पूंजीगत व्यय 7,903.26 करोड़ टका निर्धारित किया गया है, जो पिछले वित्त वर्ष की तुलना में 19.14 प्रतिशत अधिक है।
वित्त मंत्री प्रणजीत सिंह रॉय ने आज दोपहर विधानसभा में आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि राज्य के बजट का आकार हर साल बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि इस वर्ष का बजट समाज के सभी वर्गों के लोगों के विकास को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। बजट तैयार करते समय राज्य में स्थायी परिसम्पत्तियों के निर्माण एवं रोजगार सृजन पर विशेष ध्यान दिया गया है।
वित्तीय वर्ष 2025-26 के बजट में राज्य का अपना कर राजस्व 40.10 करोड़ टका होने का अनुमान है। इसी प्रकार, राज्य का अपना गैर-कर राजस्व 504 करोड़ रुपये होने का अनुमान है। 2024-25 के बजट की तुलना में बजट का आकार 46,18.77 करोड़ टका बढ़ गया है। 2024-25 का बजट 27,804.67 करोड़ टका था, जो संशोधित बजट में बढ़कर 30,296.50 करोड़ टका हो गया है।
वित्त वर्ष 2025-26 के बजट में कृषि एवं संबंधित क्षेत्रों के लिए 1885.42 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं, जो 2024-25 के बजट से 9.49 प्रतिशत अधिक है। शिक्षा क्षेत्र के लिए 6166. 19 करोड़ रुपए से अधिक की धनराशि आवंटित की गई है, जो 2024-25 के बजट से 11.94 प्रतिशत अधिक है। स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए 1,948.69 करोड़ रुपये से अधिक का आवंटन किया गया है, जो 2024-25 के बजट से 12.89 प्रतिशत अधिक है।
वित्तीय वर्ष 2025-26 के बजट प्रस्ताव में मुख्यमंत्री फसल श्यामला योजना, मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना और मानसिक रूप से विकलांगों के लिए मुख्यमंत्री योजना जैसी कई नई योजनाओं की घोषणा की गई है। फसलों की अधिक उपज देने वाली किस्मों को बढ़ावा देने के लिए एक नई योजना, मुख्यमंत्री साख योजना शुरू की गई है।
इसके लिए 2025-26 के बजट में 5 करोड़ टका आवंटित किया गया है। प्रत्येक उपखंड में कक्षा 11 और 12 के 100 विद्यार्थियों के लिए विज्ञान और अंग्रेजी प्रशिक्षण केंद्र स्थापित किए जाएंगे। विज्ञान संकाय में छात्र-छात्राओं की संख्या को देखते हुए सदर अनुमंडल में 3 केंद्र स्थापित किए जाएंगे। इसके लिए वित्तीय वर्ष 2025-26 में 7 करोड़ टका आवंटित किया गया है। अंबासा, काकरबन और करबू में नए डिग्री कॉलेज स्थापित किए जाएंगे।
वित्त मंत्री ने कहा कि मानसिक रूप से अक्षम बच्चों के लिए मनोरंजन केंद्र स्थापित किया जा रहा है। इस केंद्र के लिए 5 करोड़ टका का प्रारंभिक आवंटन किया गया है। ‘मुख्यमंत्री बालिका समृद्धि योजना’ नामक एक नई योजना शुरू की जा रही है। इस परियोजना के तहत, त्रिपुरा के स्थायी निवासी अंत्योदय परिवार की नवजात बालिका के लिए 50,000 रुपये का निवेश किया जाएगा, जिसे बालिका के 18 वर्ष की आयु हो जाने पर भुनाया जा सकेगा।
इसके लिए 2025-26 में 15 करोड़ टका का बजट आवंटन प्रस्तावित किया गया है। उन्होंने कहा कि कम्प्यूटर आधारित ऑनलाइन जांच के लिए अस्थमा इंटरनेशनल फेयर ग्राउंड में कम्प्यूटर आधारित जांच केंद्र स्थापित किया जाएगा। यह पहल इसलिए की गई है ताकि अभ्यर्थियों को ऑनलाइन परीक्षा के लिए राज्य से बाहर न जाना पड़े। वित्तीय वर्ष 2025-26 में इसके लिए 15 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।
वित्त मंत्री ने कहा कि पश्चिम अगरतला पुलिस स्टेशन, पूर्व अगरतला पुलिस स्टेशन, बिलोनिया पुलिस स्टेशन, बैखोरा पुलिस स्टेशन, बागबासा पुलिस स्टेशन और मधुपुर पुलिस स्टेशन के लिए नए भवनों का निर्माण किया जाएगा। रानीरबाजार फायर स्टेशन, ऋष्यमुख फायर स्टेशन, कारबुक फायर स्टेशन, किला फायर स्टेशन, छैलेंगटा फायर स्टेशन, फटीकराय (कंचनबाड़ी) फायर स्टेशन, तकरजला फायर स्टेशन, पेंचरथल फायर स्टेशन और तेलियामुरा फायर स्टेशन के लिए नए भवनों का निर्माण किया जाएगा।
उदयपुर, अमरपुर, धर्मनगर फायर स्टेशनों और गोमती डिवीजनल फायर ऑफिस का पुनर्निर्माण कार्य किया जाएगा। वित्त मंत्री ने कहा कि त्रिपुरा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड कुमारघाट और उदयपुर में क्षेत्रीय कार्यालय और प्रयोगशालाएं स्थापित करेगा। इस पर 10 करोड़ टका की लागत आएगी। इसके अलावा मोहनपुर, कल्याणपुर, विशालगढ़, मनुघाट और जटोनबाड़ी में नए मोटर स्टैंड का निर्माण कार्य शुरू होगा। वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए 10 करोड़ टका का प्रारंभिक आवंटन किया गया है।
वित्त मंत्री ने कहा कि यातायात की भीड़भाड़ कम करने के लिए अगरतला और उदयपुर में कई फ्लाईओवर बनाए जाएंगे। पहले चरण में 2 फ्लाईओवर का निर्माण किया जाएगा। अगरतला के राधानगर से आईजीएम अस्पताल तक 2.17 किलोमीटर लंबे और 8.5 मीटर चौड़े फ्लाईओवर के निर्माण की योजना बनाई गई है, जिसकी अनुमानित लागत 492 करोड़ रुपये है।
उदयपुर में जगन्नाथ चौमुहानी से खिलपाड़ा तक 1.60 किलोमीटर लंबा फ्लाईओवर बनाने की योजना बनाई गई है। जिसकी अनुमानित लागत 355 करोड़ टका है। उन्होंने कहा कि त्रिपुरा में विभिन्न स्थानों पर 250 सौर हाई मास्ट स्थापित किये जायेंगे। राज्य सरकार सभी पेयजल पंपों को सौर ऊर्जा स्रोतों से जोड़ेगी।
वित्त मंत्री ने कहा कि सेना, सीएपीएफ (एआर, बीएसएफ, सीआईएसएफ, सीआरपीएफ, आईटीबीपी, एनएसजी, एसएसबी) कर्मियों के बच्चों के लिए मुख्यमंत्री सहायता नामक एक नई योजना शुरू की गई है। इस योजना के तहत, राज्य सरकार देश के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले सेना/सीएपीएफ कर्मियों की अविवाहित एवं आश्रित पुत्रियों/पुत्रों (18 वर्ष से अधिक आयु) को सामाजिक पेंशन प्रदान करेगी।
संबंधित सेना/सीएपीएफ कार्मिक त्रिपुरा के स्थायी निवासी होने चाहिए। वित्तीय वर्ष 2025-26 के बजट में इसके लिए 2.40 करोड़ टका आवंटित किया गया है। वित्त मंत्री प्रणजीत सिंह रॉय ने आज वित्त वर्ष 2024-25 के लिए अतिरिक्त व्यय आवंटन का प्रस्ताव भी पेश किया।
वित्त मंत्री ने कहा कि मानसिक रूप से अक्षम बच्चों के लिए मनोरंजन केंद्र स्थापित किया जा रहा है। इस केंद्र के लिए 5 करोड़ टका का प्रारंभिक आवंटन किया गया है। ‘मुख्यमंत्री बालिका समृद्धि योजना’ नामक एक नई योजना शुरू की जा रही है। इस परियोजना के तहत, त्रिपुरा के स्थायी निवासी अंत्योदय परिवार की नवजात बालिका के लिए 50,000 रुपये का निवेश किया जाएगा, जिसे बालिका के 18 वर्ष की आयु हो जाने पर भुनाया जा सकेगा।
इसके लिए 2025-26 में 15 करोड़ टका का बजट आवंटन प्रस्तावित किया गया है। उन्होंने कहा कि कम्प्यूटर आधारित ऑनलाइन जांच के लिए अस्थमा इंटरनेशनल फेयर ग्राउंड में कम्प्यूटर आधारित जांच केंद्र स्थापित किया जाएगा। यह पहल इसलिए की गई है ताकि अभ्यर्थियों को ऑनलाइन परीक्षा के लिए राज्य से बाहर न जाना पड़े। वित्तीय वर्ष 2025-26 में इसके लिए 15 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।
वित्त मंत्री ने कहा कि पश्चिम अगरतला पुलिस स्टेशन, पूर्व अगरतला पुलिस स्टेशन, बिलोनिया पुलिस स्टेशन, बैखोरा पुलिस स्टेशन, बागबासा पुलिस स्टेशन और मधुपुर पुलिस स्टेशन के लिए नए भवनों का निर्माण किया जाएगा। रानीरबाजार फायर स्टेशन, ऋष्यमुख फायर स्टेशन, कारबुक फायर स्टेशन, किला फायर स्टेशन, छैलेंगटा फायर स्टेशन, फटीकराय (कंचनबाड़ी) फायर स्टेशन, तकरजला फायर स्टेशन, पेंचरथल फायर स्टेशन और तेलियामुरा फायर स्टेशन के लिए नए भवनों का निर्माण किया जाएगा।
उदयपुर, अमरपुर, धर्मनगर फायर स्टेशनों और गोमती डिवीजनल फायर ऑफिस का पुनर्निर्माण कार्य किया जाएगा। वित्त मंत्री ने कहा कि त्रिपुरा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड कुमारघाट और उदयपुर में क्षेत्रीय कार्यालय और प्रयोगशालाएं स्थापित करेगा। इस पर 10 करोड़ टका की लागत आएगी। इसके अलावा मोहनपुर, कल्याणपुर, विशालगढ़, मनुघाट और जटोनबाड़ी में नए मोटर स्टैंड का निर्माण कार्य शुरू होगा। वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए 10 करोड़ टका का प्रारंभिक आवंटन किया गया है।
वित्त मंत्री ने कहा कि यातायात की भीड़भाड़ कम करने के लिए अगरतला और उदयपुर में कई फ्लाईओवर बनाए जाएंगे। पहले चरण में 2 फ्लाईओवर का निर्माण किया जाएगा। अगरतला के राधानगर से आईजीएम अस्पताल तक 2.17 किलोमीटर लंबे और 8.5 मीटर चौड़े फ्लाईओवर के निर्माण की योजना बनाई गई है, जिसकी अनुमानित लागत 492 करोड़ रुपये है।
उदयपुर में जगन्नाथ चौमुहानी से खिलपाड़ा तक 1.60 किलोमीटर लंबा फ्लाईओवर बनाने की योजना बनाई गई है। जिसकी अनुमानित लागत 355 करोड़ टका है। उन्होंने कहा कि त्रिपुरा में विभिन्न स्थानों पर 250 सौर हाई मास्ट स्थापित किये जायेंगे। राज्य सरकार सभी पेयजल पंपों को सौर ऊर्जा स्रोतों से जोड़ेगी।
वित्त मंत्री ने कहा कि सेना, सीएपीएफ (एआर, बीएसएफ, सीआईएसएफ, सीआरपीएफ, आईटीबीपी, एनएसजी, एसएसबी) कर्मियों के बच्चों के लिए मुख्यमंत्री सहायता नामक एक नई योजना शुरू की गई है। इस योजना के तहत, राज्य सरकार देश के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले सेना/सीएपीएफ कर्मियों की अविवाहित एवं आश्रित पुत्रियों/पुत्रों (18 वर्ष से अधिक आयु) को सामाजिक पेंशन प्रदान करेगी। संबंधित सेना/सीएपीएफ कार्मिक त्रिपुरा के स्थायी निवासी होने चाहिए। वित्तीय वर्ष 2025-26 के बजट में इसके लिए 2.40 करोड़ टका आवंटित किया गया है। वित्त मंत्री प्रणजीत सिंह रॉय ने आज वित्त वर्ष 2024-25 के लिए अतिरिक्त व्यय आवंटन का प्रस्ताव भी पेश किया।







